भाग्य.... क्या ये बदल नहीं सकता..??
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भाग्य.... क्या ये बदल नहीं सकता..??
कविता
कौन कहता हैं भाग्य बदल नहीं सकते.. बस कोशिश करने भर की देर हैं।। आगे बढ़ों अपना समय अपने सही कर्मों में लगाओ।। तुम भी वो कर जाओगे जो कभी सोचा भी नहीं होगा।।
लेखक : ☀️ sun 😎 sine
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