छठ माई के महिमा अपार बा,
हमरा के उन्ही पे विश्वाश बा।
बड़ा करेर होला उनकर बरतिया,
भूखे पियासे हो के होला उनकर अरतियां।
छठी माई पे सरधा अपार बा,
हमरा ओनहीं पे बिस्वास बा।
जे करी सरधा से उनकर बरतिया,
अन धन से भर जाई ओ कर अंजुरिया।
दूध पूत दे कर जाईहे हमरी छठी मइया,
दिन रात ग़ाईब हम उन कर कीरीतियां।
छठी मइया के महिमा अपार बा,
हमरा के उनही पे बिस्वास बा।