मौन एक संगीत की तरह,
मौन भी एक संगीत है,
जिसमें शब्द नहीं, लेकिन अर्थ है,
एक अनकही भाषा जो दिल को छूती है।
मौन में एक गहराई है,
एक गूंथी हुई तान है,
जो शब्दों से परे है,
और दिल की गहराई तक पहुंचती है।
मौन में एक संगीत है,
जो कानों से नहीं, दिल से सुना जाता है,
एक अनकही बात जो शब्दों से नहीं कही जा सकती,
लेकिन दिल की गहराई तक पहुंचती है।
मौन एक संगीत है,
जो शब्दों से नहीं, दिल से बोलता है,
एक अनकही भाषा जो दिल को छूती है,
और दिल की गहराई तक पहुंचती है।
सुनीता गुप्ता