ये कहानी लखनऊ के हजरतगंज के एक बहुत ही रहीश इंसान सुमेर मल्होत्रा की बेटी की किडनैपिंग की है। जो रहस्यमई तरीके से एक दिन किडनैप हो गई। सुमेर मल्होत्रा अपनी बेटी के बदले कोई भी कीमत देने को तैयार थे, लेकिन उनको किडनैपर की बात पर भरोसा नही था। इसलिए उन्होंने पुलिस कमिशनर से मदत मांगी लेकिन ये बात किसी तरह से किडनैपर को पता लग जाती है। अब सुमेर मल्होत्रा को डर था की वो अपनी बेटी को बचा पायेगा भी या नही ?