आज आसमान से बादल बरस रहे थे ।
दूसरी तरफ,
एक बड़ा - सा विला, उस विला में एक लड़की की चीख सुनाई दे रही थी ।
आस - पास लोगों की बाॅडी के बहुत सारे पार्टस पड़े हुए थे । किसी का हाथ इधर गिरा, किसी का पैर उधर गिरा, किसी की लाश वहीं पर गिरी थी ।
और एक आदमी किसी कंट्री के राजा की तरह सोफे पर बैठा था । वह विला पूरी तरह से ब्लैक था, एक भी चीज़ किसी दूसरे कलर में नहीं थी । सब कुछ ब्लैक था, छोटी से छोटी चीज़ तक ।
यहाँ तक कि उस आदमी ने भी काली ड्रेस पहन रखी थी । वह आदमी बहुत सुंदर था और दिखने में बहुत मासूम था । अगर कोई उस लड़के को देखता और उसके मासूम चेहरे में खो जाता, तो वह उसे देखने में बहुत मासूम लगता । लेकिन बाहर से अच्छा दिखना पॉसिबल नहीं था । अंदर से अच्छा होना जरूरी था ।
ये हैं हमारे हीरो दक्ष ओबेरॉय। हल्के सुनहरे दिखने वाले बाल, जिन्हें एक जगह पर जेल से सेट किया गया था । गुलाब के फूल की तरह पतले - पतले होंठ । आंखें इतनी मासूम थीं कि कोई उन कोयले जैसी काली आंखों में डूब जाता । और घनी पलकें, परफेक्ट जौ लाइन, क्लीन शेव बियर्ड और उन जादुई आंखों को ढंकने वाला गोल्डन फ्रेम वाला चश्मा ।
उम्र 28 साल, छह फीट से ज्यादा ऊंचाई, सात फीट के करीब । मस्कुलर बॉडी के बारे में कहा जा सकता था कि वह बॉडीबिल्डर था । लड़कियां ऐसे ही पागल हो जाती थीं लेकिन दक्ष ओबेरॉय उनकी तरफ देखते भी नहीं थे ।
वह बहुत ही चालाक था और कुछ भी करने से पहले कम से कम 100 बार सोचता था । और वह जो करता था, वह हमेशा सही होता था । वह एक्टिंग के लिए ऑस्कर ऑवर्ड के हकदार था । जो वह भयानक एक्टिंग कर रहा था ।
वह इतना चालाक था कि लोगों के दिमाग से ऐसा खेलता था कि इंसान पागल हो जाता था । और अगर वह मुस्कुराता था और वहां कोई लड़की होती, तो लड़कियां बेहोश हो जातीं । उसकी मुस्कुराहट इतनी प्यारी और मनमोहक थी, लेकिन अंदर और बाहर से वह पूरी तरह से ब्लैक और इतना क्रुएल था कि पूरी दुनिया उसका नाम सुनते ही डर जाती थी । उसका नाम सुनते ही हर कोई डर से कांप उठता और अपना सिर झुका लेता था ।
वही विश अपने पापा को टिफिन देने आई थी । विश ने थोड़ा गुस्सा दिखाया और अपने पापा से कहा,,_ " पापा! क्या आप टिफिन वापस ले जाना भूल गए ? इसलिए तो मुझे गुस्सा आता है और देखीए आपकी सेहत अभी ठीक नही है । मुझे भी काम है और आप ऐसे न खाकर अपना बुरा हाल कर लोगे । टेंशन से मेरा सिर फट जाएगा और मुझे भी मरना पड़ेगा । कॉलेज तक अभिषेक सर मुझ पर बुरी नजर रखता है ।"
विश के पापा थोड़ा हँसे और थोड़ा गुस्सा दिखाते हुए बोले,,_ " पागल लड़की इस तरह मरने की बात मत करो । टीचर उन स्टूडेंट्स पर नज़र रखते हैं, जो टाल-मटोल करते हैं और पढ़ाई में बिल्कुल आलसी हैं । उन स्टूडेंट्स मे तुम भी शामिल हो ।"
यह सुनकर विश को गुस्सा आ गया और उसने मुंह बना लिया । उसने कहा,,_ " ठीक है, आप अपने लंच को इंजॉय कीजिए । मैं जा रही हूं ।"
यह है हमारी हिरोईन नायिका विश खन्ना । यह दिखने में बहुत खूबसूरत है और बहुत प्यारी है । इसके कॉलेज के सभी प्रोफेसर इसे प्यारी कहते हैं । वह बहुत मीठा बोल सकती है और ये हर किसी को मीठी - मीठी बातों के जाल में फंसा सकती है । और अगर इसे किसी के साथ कुछ करना हो तो वह कर जाती है ।
लेकिन उसके अंदर एक डर है । भूत-प्रेत का डर । सुनने में अजीब लगता है, लेकिन जो इससे डराता है । इसका अंधेरे से दम घुटता है । इनका परिवार बहुत खुश था, लेकिन विश को नहीं पता था कि आज से उसकी जिंदगी बर्बाद होने वाली है ।
विश को एक्टिंग न कर पाने की बुरी आदत थी । वह दूसरों की तरह दिखावा नहीं कर सकती और किसी बात से बचने के लिए थोड़ा नाटक भी नहीं कर सकती थी । और जब कोई उससे कुछ कहता, तो वह अपने मन की बात सीधे उसके सामने कह देती थी । इसके लिए वह कई बार फंस चुकी थी ।
आज आसमान गरज रहा था और बारिश भी हो रही थी । हमारी प्यारी विश को बाकी लड़कियों की तरह बारिश में भीगना पसंद था । उसे कोई बुखार या सर्दी नहीं होती थी, उसके बाॅडी में कोई प्रॉब्लेम नहीं थी । यह सभी के लिए हैरानी की बात थी, लेकिन यह ठीक था ।
एक रोड के किनारे बहुत सुंदर फूलों के पेड़ और बड़े-बड़े कटे हुए पेड़, चारों ओर सुंदर इमारतें थीं और हमारा विश बारिश में भीग रही थी । भीगने मे उसे बहुत अच्छा लग रहा था और वह मन में उल्टा गा रही थी । वह कभी भी ठीक से नहीं गा पाती थी और हमेशा गलत गाना गाती थी ।
उसका बाॅडी पूरा भीगा था और बहुत तेज़ बिजली का झटका लगा था । लेकिन उसे विश का डर नहीं था । वह भीग रही थी और उसने फुल स्लीव गुलाबी चूड़ीदार और नीचे सफेद पायजामा पहन रखा था ।
उसने बड़ी मुश्किल से अपने बाल खोला था और अपनी हेयरलाइन को हाईलाइट किया था । उसे हाईलाइट करने के लिए वह अपनी मां की इजाजत लेकर पार्लर गई थी और वह अपने बालों को हमेशा ब्लैक ही रखती थी । अब उसके बाल और कपड़े उसके बाॅडी से ढके हुए थे और पानी से भीगे हुए थे ।
वह इस बारिश से बहुत खुश थी । आसमान से तेज़ बारिश हो रही थी और वह भीग रही थी । और उसके दूध जैसे गाल इस बारिश में और भी निखर गए थे । उसके होंठ और भी गुलाबी हो गए थे और उसके गाल भी बारिश की वजह से गुलाबी हो गए थे । और उसकी आंख का कलर ग्रिन था । वह बेहद अट्रैक्टिव दिख रही थी ।
लेकिन उसे नहीं पता था कि किसी की अनजानी नजर उसे देख रही थी । सड़क के किनारे एक गोल्डन कार खड़ी थी और दक्ष अंदर से उसे देखकर मुस्कुरा रहा था । वह अपना इम्पोर्टेंट काम निपटाकर तुरंत घर लौट रहा था ।
दक्ष मुट्ठी भर विश देखता है और मुस्कुराता है । उसकी आँखें विश और विश की पूरे बाॅडी को देख रही थीं और आहें भरते हुए उसकी बाॅडी अब आग की तरह जलने लगी थी ।
उसने बिना पीछे मुड़े अपने असिस्टेंट से कहा,,_ " मुझे कल तक इस लड़की की सारी इन्फोर्मेशन चाहिए । उसे क्या पसंद है और क्या खाना पसंद है ।"
उनसके असिस्टेंट ने कहा,,_ " ठीक है ।"
दक्ष अब खुद को रोक नहीं पा रहा था और वो अपनी बाॅडी की आग को बुझाना चाहता था । उसने कभी ऐसा कुछ महसूस नहीं किया था । लेकिन उसकी नजर तुरंत इस लड़की पर पड़ी और इस लड़की ने भी उसके बाॅडी में आग लगा दी ।
दक्ष सिर्फ लड़की के बाॅडी को देख रहा था । उसे यही बाॅडी चाहिए और इस बाॅडी को पाने के लिए वह कुछ भी कर सकता है ।
इस बीच विश को ये बातें नहीं पता थीं । वह अपने ही ख्यालों में डूब रही थी । दक्ष कार से बाहर निकला और विश की ओर अपने कदम बढ़ाने लगा ।
(आगे क्या होने वाला है, गाइज ? क्या दक्ष तुरंत विश का किडनैप कर लेगा ? जानने के लिए हमारे साथ बने रहिए ।)
(गाइज, अगर स्टोरी अलग है तो टेंशन मत लिजिए । राईटर वही है और मैं इस स्टोरी में जितना हो सके, कम से कम मिस्टेक रखने की कोशिश करूँगी । प्लीज मेरी स्टोरी को रेटिंग दें और मेरी स्टोरी को स्पोर्ट कीजिए । मैंने इसे बेस्ट रायटर अवार्ड 5 के लिए दिया है । प्लीज मेरी स्टोरी को स्पोर्ट करिए और बताएं आपको कौन - सा सीन पसंद आया । इसमें थोड़ा ज़्यादा रोमांस है ।)