बेटा मेरी मदद कर दो बस एक बार, बस एक बार बेटा " एक 50 साल की औरत अपने हाथ जोड़े, आखों में आसू लिए बोल रही थी। उसके सामने करीब 24 साल की लड़की जो अपने फ़ोन में बीजी थी, बोली "अरे अंटी पिछली बार ही मैने बताया था, आपका बेटा बहू बिलकुल ठीक है, हसी खुशी से अपना जीवन यापन कर रहे हैं और अब आपको क्या चाहिए क्यों जाना है आपको उस घर में"
वो औरत अपने आसू साफ करते हुए बोली "बेटा मुझे बस एक बार अपने पति को देखना है मैं अपने बच्चो को तो देख लेती हूं पर अपने पति को नही देख पाती हूं, उनकी तबीयत खराब है कुछ दिनों से वो घर से बाहर नही आते और मैं घर ले अंदर नही जा सकती मेरी मदद कर दो बेटा"
"अंटी.." उस लड़की ने कहा ही था कि एक नर्स आ कर बोली "मैडम एक vip केस आया है, हेड सर आपको अपने कैबिन में बुला रहे हैं "
वो लड़की आराम से चेयर से उठ कर अपना कोट पहन अंडाई लेते हुए बोली "अंटी मैं कल कुछ करती हूं इस पर , अभी मुझे जाना होगा" बोलते हुए वो लड़की अपने केबिन से निकल गई। उसके जाते ही वो औरत एक धुआं हो कर गायब हो गई।
वो लड़की हेड सर के केबिन के दरवाजे को खोल अंदर जाते हुए बोली "मैं अंदर आ रही हूं सर"
अंदर एक 55/56 साल का आदमी जो लेपटॉप पर कुछ देख रहा था उस लड़की के अंदर आने की आवाज सुन उन्होंने जल्दी से लैपटॉप को बंद दिया, वो जीढ़ कर बोले "क्या तुम कभी भी डोर नॉक कर के नही आ सकती"
वो लड़की चेयर पर बैठती हुई शरारती मुस्कान लिए बोली "क्यों , क्या आप फिर से वैसी वाली फिल्म देख रहे थे क्या , कितनी बार कहा है मैने आपसे आप अब शादी कर ही लो यार , और कब तक लोगों के नजरो में भर्मचारी बन कर रहोगे, अभि आपकी उम्र ही क्या है, मस्त गबरू जवान तो लगते हो हा बस सिर पर बाल थोड़े कम है पर कोई बात नही, पेसो से इंसान के सारे एब छिप जाया करते हैं "
उसकी बात सुन वहा खड़ी नर्स को हसने लगी, हेड सर ने उसे घूर कर देखा तो वो बेचारी अपनी हसी कंट्रोल कर चुप से खड़ी हो गई।
हेड सर एक नज़र उस नर्स को घूर कर उस लड़की से बोले "मैं वैसी कोई फिल्में नहीं देखा करता हूं और न ही मुझे कोई शादी वादी करनी है, अभी एक बहुत बड़ा केश आ रहा है,
शिवम भत्रा का नाम सुना है तुमने, वो हमारे हॉस्पिटल का ट्रस्टी भी है ,उसे गोली लगी है और वो यही आ रहा है तुम यहां की बेस्ट डॉक्टर हो , जल्द से जल्द ठीक कर यहां से भेजो उसे और एक बात वो बहुत घमंडी इंसान हैं उस से जरा तमीज से बात करना तुम, समझ में आ रहा है न तुम्हे मै क्या बोल रहा हूं "
वो लड़की चियर पर लेफ्ट राइट घूमते हुए अपने फ़ोन पर गेम खेलते हुए बोली "हा समझ गई मैं आप यही बोल रहे हो न कि उसे जिंदा कर के जल्दी से दफा करना है , हो जायगा "
हैड सर उस लड़की को समझाते हुए बोले "देखो, तुम्हे बस उसका ट्रीटमैंट करना है और कुछ नहीं, वो थोड़ा अड़ियल है पर तुम प्लीज उसकी बातो पर गुस्सा हो कर उस से लड़ाई मत करना "
वो लड़की चेयर से उठ बाहर जाते हुए बोली "ये उस पर डिपेंड करता है कि उसे अपना ट्रीटमेंट करवाना है या कुछ और" हैड सर नर्स से बोले "जाओ तुम भी उसके साथ, यहां खड़ी क्यों हो"
नर्स उनकी डाट सुन जल्दी से वहा से भाग गई। हैड सर उन्हे जाता देख अपना सिर पकड़ कर बोले "हे भगवान बस ये लड़की उसे भी न सुधारने लगे, सब संभाल लेना ऊपर वाले "
वो लड़की और नर्स साथ में OR के तरफ जा रहे थे। वो लड़की नर्स को नर्वस देख बोली "क्या हो गया तुम्हे, पहली बार तो तुम मेरे साथ किसी को ऑपरेट करने जा नही रही हो तो फिर इतना नर्वस क्यों हो रही हो "
नर्स बोली "मैडम वो जो सर आए हैं न मैने सुना है, वो बहुत गुसेल है, उनके सामने जो भी गलती करता है वो फिर दोबारा कभी किसी को नहीं दिखता है "
वो लड़की उसकी बात सुन मुस्कुरा दी। वो उससे मास्क और गाल्ब्स ले कर पहनते हुए OR के पास पहुंची तो देखा OR के बाहर कई सारे काले कपड़े पहनें बॉडीगार्ड खड़े थे ।
वो उन्हे देख धीरे से फुसफुसाई "ये अमीर लोग और इनके चोंचले, अब क्या ये लोग भी उसका ऑपरेशन करेगे की यही भीड़ लगा कर खड़े हैं "
वो OR के अंदर जाने को हुई की बाहर खड़े एक बॉडीगार्ड ने उसे रोक कर बोला "शिखा शर्मा, हमारे बॉस को ऑपरेट सिफ शिखा शर्मा ही करेगी"
वो लड़की एक हाथ से अपना मास्क हटा दूसरे हाथ से अपना कार्ड दिखाते हुए बोली "देखो , देख लो मैं ही हूं "
वो बॉडीगार्ड और वहा खड़े सभी बॉडीगार्ड उस लड़की को देख एक पल को फ्रिज हो उसे ही देखते रह गए।
शिखा अपना मास्क वापस पहनते हुए बोली "मुझे देखना हो गया हो तो अब मैं जाऊ अंदर, वर्ना कही तुम लोगों के बॉस को कुछ गया तो..."
शिखा की बात सुन वो बॉडीगार्ड जल्दी से साइड हो उसे रास्ता देते हुए बोला "हा आप जा सकती हैं जाइए प्लीज"
वो लड़की और नर्स दोनो OR के अंदर चले गए। अंदर जा कर शिखा अपना गलब्स ठीक करते हुए बोली "इन्हे बेहोशी का इंजेक्शन दो "
नर्स जाती उस से पहले एक आवाज़ आई "मैं होश में ही हु मुझे इंजेशन देने की जरूरत नहीं है ऐसे ही जल्दी से ट्रीटमेंट करो मेरे पास टाईम नही है"
दोनो ने सामने देखा तो ऑपरेशन बेड पर एक करीब तीस साल का लड़का बैठा हुआ था। गेहुआ रंग, हाईट 6.2 इंच, काले बाल जो बिखरे हुए थे, उसके चेहरे पर ही दुनिया भर का घमंड दिख रहा था, पर हा उसका अपने लुक पर घमंड करना गलत नहीं था। वो था ही इतना हैंडसम, हॉट और चार्मिंग की कोई उसे देखे तो बस देखता ही रह रह जाए।
शिखा उसे एक नज़र देख अपना गाल्ब ठीक करते हुए बोली "are you Shivam bhatra."
वो लड़का यानी शिवम् बोला "yes, I am Shivam bhatra"