मोहब्बत तुमसे नफरत है (गज़ल)
कहते हैं, मोहब्बत और नफ़रत के बीच बहुत फ़ासला होता है…
मगर सच तो यह है कि कभी-कभी हम सबसे ज़्यादा नफ़रत उसी इंसान से करते हैं, जिससे हमने सबसे ज़्यादा मोहब्बत की होती है।
यह किताब एक ऐसे दिल की कहानी है, जिसने किसी को टूटकर चाहा… और फिर उसी चाहत में ख़ुद को टूटते हुए देखा।
♥️🙏पढ़िए, आनंद लीजिए♥️🙏