उस शहर की हवाएं

client-img

उस शहर की हवाएं


उस शहर की हवाएं उस शहर की हवाएं भी क्या खूब हैं, जैसे उनमें बसी हों कुछ अनकही बातें। हर गली, हर मोड़ से गुजरती, कुछ अनजाने किस्से की बातें। जब सुबह की धूप में गुनगुनाती, दिल की हर धड़कन को सहलाती। शाम की नरम रोशनी में झूमती, आकाश के रंगों को चूमती। उस शहर की हवाएं कितनी मासूम हैं, जैसे बच्चों की हंसी की खुशबू। वे सर्द रातों में ओढ़नियां सी लगतीं, और गर्मियों में साया बनकर चलतीं। उस शहर की हवाएं कुछ कहती , जो कहे बिना ही सब समझा देती । वो हवाएं, जो दिल को छू जाएं, उस शहर की खुशबू बसी रह जाएं। Heart throb_01727 उस शहर की हवाओं में बसता है सुकून, जैसे हर दर्द का मिल जाता हो जुनून। जब बिछड़ते हुए अपनों को याद करती हैं, आँखों की कोरों में आंसू भरती हैं। पर जब खुशियों का गीत गुनगुनाती हैं, हर ग़म को भूलाने की ताकत लाती हैं। कभी झोंकों में मुस्कान बन जाती, कभी आंखों में सपनों सी बस जाती। उस शहर की हवाएं ऐसे रंग लाती हैं, जैसे दिल को हर मौसम का एहसास कराती ।

19

Views

5

Ratings

1 Min

Duration


  • लाइब्रेरी

  • श्रेणी

  • लिखे

  • अपडेट

  • शॉप