इस किताब में वे कहानियाँ हैं…
जो रात के सन्नाटे में जागती हैं,
अँधेरे में साँस लेती हैं,
और इंसान के डर को पहचान कर
धीरे-धीरे उसके करीब चली आती हैं।
छोटी-छोटी हॉरर कहानियाँ
पर डर… इतना गहरा
कि पढ़ने के बाद भी कई रातों तक
आपको लगेगा कोई आपको देख रहा है।