अंगद और तनुजा के दिलों की बंधी वो डोर....जो वक्त के हाथों मजबूर होकर बिखर गई थी लेकिन क्या सालों बाद उनके दुबारा मिलने पर उनके दिल की टूटी हुई वो डोर किसी मोड़ पर जुड़ पाएगी....या फिर रुक जाएगी उनकी जिंदगी उसी मोड़ पर..... जानने के लिए आइए जुड़ते हैं उनके इस सफर में.....