बचपन की दोस्ती प्यार में बदली
हीरा और रूबी बचपन के दोस्त थे। दोनों गांव के चौपाल पर खूब मस्ती किया करते थे। हीरा की मां लीलावती तो बचपन में रूबी को खूब छेड़ा करती थी। कहती थी – “ मैं अपने हीरा के लिए तुझे ही दुल्हन बनाकर लाऊंगी” पर रूबी का निश्चल मन इन बातों को कहा समझता था। वह तो अपनी मस्ती में धुन पूरा पूरा दिन हीरा के साथ गांव का चक्कर लगाती।