अब दिल कर रहा है फिर से बच्चा बन जाऊं ,
उन गलियों में जहां कभी हमारा बसेरा था ,
फिर से उन गलियों की बहार बन जाऊं ,
दोस्तों के साथ सारा दिन बात करते गुजर जाता था ,
आज फिर उनके साथ बैठकर सुकून के कुछ पल पाऊं ,
जहां दुबारा जाना नामुमकिन सा हो गया था ,
दिल कर रहा है फिर से बचपन में लौट जाऊं ,