"रात को घिरने का सपना" कहानी आरव नामक युवक की है, जिसे एक पुराने घर में रहने के बाद हर रात एक रहस्यमयी सपना आने लगता है। उस सपने में वह खुद को एक धुंधली गली में पाता है, जहां एक परछाईं उसे पुकारती है और अधूरी बातों में लिपटी हुई सच्चाई दिखाती है। धीरे-धीरे वह समझता है कि यह सपना किसी आत्मा की पुकार है—माया की, जिसने प्रेम में टूटकर उसी घर में आत्महत्या कर ली थी। आरव को पता चलता है कि उसका सपना, उसका डर और उसका अतीत—सब एक पूर्व जन्म के अधूरे रिश्ते से जुड़े हैं। जब उसे यह सच्चाई पता चलती है, तो माया की आत्मा को शांति मिलती है और वह सपना आना बंद हो जाता है।