यह कविता एक व्यक्ति की कठिन किस्मत और उसके संघर्षों को दर्शाती है। इसमें बताया गया है कि कैसे उसकी किस्मत आँसुओं से लिखी गई, सपने अधूरे रह गए, और हर कदम पर उसे ग़म मिले। फिर भी उसमें हार मानने की भावना नहीं थी। कविता अंत में प्रेरणा देती है कि इंसान अगर हौसलों से काम ले तो वो अपनी किस्मत खुद लिख सकता है।