गाँव में शादी – हँसी, रस्में और नय
गाँव की गलियाँ आज कुछ ज्यादा ही सजी हुई थीं। हर घर के सामने रंगोली बनी थी, दीवारों पर आम के पत्तों की तोरण लटकी थी, और गलियों में बच्चों की हंसी गूंज रही थी। वजह थी—सुमन की शादी। पूरे गाँव में खुशी का माहौल था, क्योंकि गाँव की प्यारी बेटी, सुमन, आज अपने पिया के घर जाने वाली थी।