यह कहानी है वरूण रनावत और आंचल नंदा की ,, आंचल जो अपने असली परिवार से दूर है उसे अपने दादाजी के किए एक वादे के चलते करनी पड़ती है अंधे वरूण से शादी ,, जो रनावत कंपनी का सीईओ है पर वरूण पहले से ही करता है किसी और से प्यार जब वरूण अपने प्यार का इजहार करने जा रहा था उसी दिन वरूण का हो गया एक एक्सीडेंट जिसमें वरूण ने अपने देखने की शक्ति खो दी और फिर ना चाहते हुए भी उसे करनी पड़ी आंचल से शादी ।