यह कविता आँखों की गहराई और उनकी बिन बोले कहने की ताकत को दर्शाती है। इसमें बताया गया है कि आँखें प्यार, जुनून, नफरत और हर भाव को व्यक्त करती हैं—बस समझने वाला होना चाहिए। जैसे श्रीकृष्ण राधा की आँखों में सब समझ जाते थे, वैसे ही आँखें भरोसा भी दिलाती हैं और हर एहसास को बयान कर देती हैं।