विधान सिंह राठौर , जो खुद में एक मिस्ट्री है , उसे सुलझाना आसान नहीं, कही प्यार तो कही तकरार , लेकिन इसका इश्क है बेशुमार , फिर भी है तलवार की धार, दूसरी तरफ हमारी मासूम सी वान्या जो फस जाती है एक रात जालिम दरिंदों के बीच, और दिखाते हैं वह उस पर अपनी हैवानियत। क्या छीन लेंगे वह दरिंदे वान्या की की मासूमियत, क्या होगा आगे इस कहानी में जानने के लिए पढ़ते रहिए ये कहानी।