हाँ मैं एक किताब हूँ,
जिसमें न जाने कितने इतिहास📜 व दर्द दफन है
कहने सुनने वालों ने हर लफ्ज़ से नवाजा मुझे
कभी कहानी तो कभी शब्दों के खेल से पिरोया गया
किसी के दिल ❤का हाल हूँ मैं, तो कभी किसी
के कमाने का जरिया हूँ मैं. .. जिसने जैसा चाहा बनाया मुझे
हाँ।। एक किताब हूँ मैं📖📖
वक्त बदला लोग बदले पर मैं जहाँ था वही रहा..
हाँ कहने सुनने का नजरिया बदल गया
पर मैं तब भी था, भूतकाल से भविष्य में भी मैं ही रहूंगा
कयोकि एक किताब हूँ मैं📖📖📖📖 ❤🙏🙏