सोचती हूँ कि आँखें बंद करने से पहले क्यों न अपने अतीत के कुछ पन्ने पलटकर देख लूँ और फिर वैसे भी न जाने ये मौका दोबारा अगले कितने जन्म लेने के बाद ही नसीब हो। देखो सोचा नहीं कि बस सबकुछ नाचने सा लगा मेरी आँखों के सामने ।
© Copyright 2023 All Rights Reserved