गवाह हूं मैं बनते जहां की, बिगड़ते समां की, मिटती दास्तान की, अडिग खड़ा हूं, अविचल खड़ा हूं, हां पहाड़ जो हूं !
1. दरकते पहाड़ ! 17 | 11 | 13 | 5 | | 11-07-2024 |
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