इश्क या फरेब 💔

नकाब-ए-इश्क में देखा छुपा फरेब का चेहरा, मोहब्बत जाल थी उसका, मगर वो चाल थी उसकी। वसीयत, खून, वो धोखा, समझ आया कयामत पर, जुआ जो इश्क का समझा, वो बाजी मात की उसकी।


लेखक : Ek Adhuri Dastan
img