भूतिया रात

खिड़की से झाँके एक धुंधली सूरत, आँखों में चमके अजीब सी ज्वाला। हवा बहा दे ठंडी सिहरन, छू जाए जैसे कोई परछाईं गुमन।

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: rani
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