मुझे भी जीने दो

कब तक यूँ दबेगा मेरा स्वर? कब तक सहूंगा ये बेक़दर? नफरत के बीज न बोओ यूँ, मुझमें भी तो है प्रेम भरपूर।

25 Views
Time : 1

All Right Reserved
दैनिक प्रतियोगिता

: rani
img