काश उसके डर को मैं पढ़ पाता, उसके दिल की हर धड़कन को समझ पाता। उसके टूटते हौसलों में, मैं उम्मीद की रौशनी जगा पाता।
1. काश – वो जिंदा होती। 12 | 12 | 12 | 5 | | 08-04-2025 |
© Copyright 2023 All Rights Reserved