कविता विवरण: यह कविता समाज में फैलती नफरत और उसके दुष्परिणामों को दर्शाती है। यह बताती है कि कैसे नफरत ने रिश्तों को बेजान बना दिया है और प्रेम, सौहार्द्र और इंसानियत को कमजोर कर दिया है। कविता हमें जागरूक करती है कि नफरत को छोड़कर प्यार, दया और एकता को अपनाना ही सच्चा समाधान है। अंत में, यह एक संदेश देती है कि यदि हम प्रेम का दीप जलाएं, तो दुनिया फिर से सुंदर बन सकती है।
© Copyright 2023 All Rights Reserved